Monday, October 22, 2018
ओपिनियन

क्या आपको भी घेर लेता है एक अनजाना डर?

क्या आपको भी घेर लेता है एक अनजाना डर?

 पर्सनािलटी प्लस

ए क अमेरिकी विचारक ने कहा है, यदि आपको किसी चीज से डर लगता है, तो इससे निकलने के लिए उसके बारे में जरा भी मत सोचिये. उक्त बात बेहद सामान्य लगती है, लेकिन, इसे अपनाना उतना भी आसान नहीं है. इसे एक कहानी से समझते हैं.

 किसी गांव में एक बड़ी अंधेरी और डरावनी गुफा थी. ग्रामीण उसे मौत की गुफा कहते थे. डर से कोई भी आदमी उस गुफा की ओर देखने का भी साहस नहीं कर पाता. गांव के मुखिया जी का बेटा कहीं बाहर पढ़ाई कर रहा था. उसने भी गुफा के बारे में सुना था. उसने निश्चय किया कि वह गुफा के अंदर जायेगा और उसके अंदर के राज को जानने का प्रयास करेगा. मुखिया जी और गांव वालों ने उस लड़के को समझाने का प्रयत्न किया कि गुफा के अंदर जाना मतलब मौत के मुंह में जाना है,

परंतु उसने जिद ठान ली. उसने विश्वास दिलाया कि वह गुफा के अंदर जायेगा और सकुशल लौटेगा. भारी मन से लोगों ने उसे विदा किया. गुफा बेहद गहरी और अंधेरी थी, लेकिन लड़का गुफा के अंदर चलता रहा, कुछ घंटों के बाद उसे कुछ रोशनी नजर आयी. वह थोड़ा और आगे बढ़ा, उसने देखा कि वह एक ऐसी जगह पर पहुंच गया है, जहां एक सुखमय जीवन का सारा सामान मौजूद है. खुशबूदार कमरे में ऐश्वर्य के रूप में वह सब कुछ है, जो कोई भी इंसान अपने जीवन में प्राप्त करना चाहेगा.

तभी उसे पीछे से तीन-चार लोगों ने धीरे से धक्का दिया. खुद को बचाते हुए लड़के ने जब पीछे देखा, तो वह चौंक गया. ये गांव के वही युवक थे, जो कुछ समय पहले गुफा का राज जानने के लिए अंदर आये थे. उन युवकों ने बताया, गांव के लोग बेवजह ही डरते थे. गुफा में तो वे सारी चीजें हैं, जिन्हें पाने के लिए शायद हम जीवन भर प्रयास करते, तो भी हमें नहीं मिल पातीं, इसीलिए हम अब वापस नहीं जा रहे. यदि हमारी तरह तुमने भी साहस नहीं किया होता, तो हम उसी गांव में संघर्ष से जूझ रहे होते.

 दोस्तों, शायद यह एक काल्पनिक कहानी हो, परंतु हमारा मन भी इसी प्रकार के डर से डरा रहता है कि पता नहीं आगे क्या होगा. लोग हमें कोई काम शुरू करने से पहले ही डरा देते हैं कि अगर तुम कहीं के नहीं रहे तो! इस काम को मत करो, अगर कुछ बुरा हुआ तो! जब भी हम कुछ नया करने की कोशिश करते हैं, तो उसके लिए प्रयत्न रूपी गुफा में प्रवेश करने से पहले अनेक नकारात्मक बातें हमें घेर लेती हैं. परंतु, यदि हम ठान लें कि हमें एक प्रयत्न तो करना ही है, फिर गुफा के पार वाला ऐश्वर्य आपको मिल सकता है, इसमें कोई संदेह नहीं. अतः स्वयं पर विश्वास कीजिये और आगे बढ़िये.